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विज्ञान एवं आविष्कार : प्रमुख आविष्कारक, खोजकर्ता एवं सिद्धान्त भाग–3

 

प्रश्न 61. माइक्रोवेव ओवन का आविष्कार किसने किया?

उत्तर: पर्सी स्पेंसर, अमेरिका, 1945 ई.

विवरण: माइक्रोवेव ओवन विद्युतचुम्बकीय तरंगों द्वारा भोजन को तेजी से गर्म और पकाता है। यह आधुनिक रसोई का महत्वपूर्ण उपकरण है।

प्रश्न 62. एकीकृत परिपथ (Integrated Circuit - IC) का आविष्कार किसने किया?

उत्तर: जैक किल्बी (1958) एवं रॉबर्ट नोयस (1959)।

विवरण: इंटीग्रेटेड सर्किट ने इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को छोटा, तेज और अधिक विश्वसनीय बनाया। आधुनिक कम्प्यूटर, मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक प्रणालियाँ इसी पर आधारित हैं।

विज्ञान एवं आविष्कार : प्रमुख आविष्कारक, खोजकर्ता एवं सिद्धान्त भाग–1

 

प्रश्न 31. विश्लेषी इंजन (Analytical Engine) किसने विकसित किया?

उत्तर: चार्ल्स बैबेज, इंग्लैंड, 1837 ई.

विवरण: विश्लेषी इंजन को आधुनिक कम्प्यूटर का प्रारूप माना जाता है। इसी कारण चार्ल्स बैबेज को कम्प्यूटर का जनक कहा जाता है।

प्रश्न 32. आवर्धक लेंस के विकास में किसका महत्वपूर्ण योगदान था?

उत्तर: रोजर बेकन, इंग्लैंड, 13वीं शताब्दी।

विवरण: आवर्धक लेंस छोटी वस्तुओं को बड़ा दिखाई देने में सहायता करता है। यह आधुनिक प्रकाशिकी और सूक्ष्मदर्शी उपकरणों के विकास का आधार बना।

विज्ञान एवं आविष्कार : प्रमुख आविष्कारक, खोजकर्ता एवं सिद्धान्त भाग–1

विज्ञान एवं आविष्कार : प्रमुख आविष्कारक, खोजकर्ता एवं सिद्धान्त

प्रश्न 1. आर्किमिडीज सिद्धान्त (Archimedes' Principle) का प्रतिपादन किसने किया?

उत्तर: आर्किमिडीज (Archimedes), यूनान (ग्रीस), लगभग 250 ईसा पूर्व।

विवरण: इस सिद्धान्त के अनुसार किसी द्रव में डुबोई गई वस्तु पर ऊपर की ओर उतना उत्प्लावन बल लगता है जितना उस वस्तु द्वारा विस्थापित द्रव के भार के बराबर होता है। जहाजों और पनडुब्बियों के निर्माण में इसका महत्वपूर्ण उपयोग होता है।

प्रश्न 2. बीजगणित (Algebra) का जनक किसे माना जाता है?

उत्तर: अल-ख्वारिज्मी (Al-Khwarizmi), फारस (ईरान), 780–850 ईस्वी।

विवरण: अल-ख्वारिज्मी की प्रसिद्ध पुस्तक अल-जबर ने आधुनिक बीजगणित की नींव रखी। "Algebra" शब्द भी "Al-Jabr" से ही निकला है।

GK – Indian History – धर्म, वैदिक एवं पौराणिक काल | महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर

Title: GK – Indian History – धर्म, वैदिक एवं पौराणिक काल | महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (Updated & Detailed)


वैदिक काल एवं वेद

प्रश्न 1. पूर्व-वैदिक या ऋग्वैदिक संस्कृति का काल किसे माना जाता है?
उत्तर: सामान्यतः 1500 ई.पू. से 1000 ई.पू. तक का काल ऋग्वैदिक काल माना जाता है।

प्रश्न 2. वेदों की संख्या कितनी है?
उत्तर: चार – ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद एवं अथर्ववेद।

प्रश्न 3. सबसे प्राचीन वेद कौन-सा है?
उत्तर: ऋग्वेद।

प्रश्न 4. किस वेद में प्राचीन वैदिक युग की सांस्कृतिक जानकारी प्राप्त होती है?
उत्तर: ऋग्वेद।

GK - प्राचीन इतिहास

नन्दवंश के घनानंद को चन्द्रगुप्त मौर्य ने युध्द में पराजित किया और मगध पर एक नये वंश ‘मौर्य वंश’ की स्थापना की । 

1. मौर्य साम्राज्य की स्थापना किसने की थी -

ANS - चन्द्रगुप्त मौर्य

2. प्रथम भारतीय साम्राज्य स्थापित किया गया -

ANS - चन्द्रगुप्त मौर्य द्वारा 

3. विक्रम सवंत कब से प्रारम्भ हुआ?

ANS -  58 ई० पू०

GK - प्रसिद्ध नारे, उद्घोष एवं कथन (Important Slogans, Quotes and Calls of Indian History)

प्रश्न 1. "स्वराज्य मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है और मैं इसे लेकर रहूँगा" नारा किसने दिया था?

उत्तर: लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक

विवरण: यह भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन का सबसे प्रसिद्ध नारा माना जाता है। तिलक ने स्वशासन (Swaraj) को भारतीयों का जन्मसिद्ध अधिकार बताया और ब्रिटिश शासन के विरुद्ध जनमत तैयार किया।

प्रश्न 2. "एक जार, एक चर्च और एक रूस" (One Tsar, One Church, One Russia) का नारा किसने दिया था?

उत्तर: जार निकोलस द्वितीय

विवरण: यह नारा रूस में निरंकुश राजशाही, रूसी रूढ़िवादी चर्च और रूसी राष्ट्रवाद को मजबूत करने के उद्देश्य से दिया गया था।

Question 3. "इंकलाब जिंदाबाद" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: मौलाना हसरत मोहानी

विवरण: इस नारे का प्रथम प्रयोग मौलाना हसरत मोहानी ने किया था। बाद में भगत सिंह और हिंदुस्तान सोशलिस्ट रिपब्लिकन एसोसिएशन (HSRA) ने इसे अत्यधिक लोकप्रिय बनाया, जिसके कारण यह नारा सामान्यतः भगत सिंह से जोड़ा जाता है।

प्रश्न 4. "साम्राज्यवाद का नाश हो" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: भगत सिंह

विवरण: भगत सिंह और उनके साथियों ने ब्रिटिश साम्राज्यवाद के विरोध में यह क्रांतिकारी नारा दिया था।

प्रश्न 5. "दिल्ली चलो" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: नेताजी सुभाष चन्द्र बोस

विवरण: आजाद हिन्द फौज (INA) के सैनिकों को प्रेरित करने के लिए नेताजी ने यह नारा दिया था। इसका उद्देश्य भारत की राजधानी दिल्ली तक पहुँचकर ब्रिटिश शासन को समाप्त करना था।

प्रश्न 6. "तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूँगा" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: नेताजी सुभाष चन्द्र बोस

विवरण: 1944 में बर्मा (म्यांमार) में आजाद हिन्द फौज के सैनिकों को संबोधित करते हुए नेताजी ने यह ऐतिहासिक आह्वान किया था।

प्रश्न 7. "जय हिन्द" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: आबिद हसन सफरानी (लोकप्रिय बनाने वाले – सुभाष चन्द्र बोस)

विवरण: "जय हिन्द" का प्रारंभिक प्रयोग आजाद हिन्द फौज के अधिकारी आबिद हसन ने किया था। बाद में नेताजी ने इसे राष्ट्रीय अभिवादन के रूप में लोकप्रिय बनाया।

प्रश्न 8. "करो या मरो" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: महात्मा गाँधी

विवरण: 8 अगस्त 1942 को भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान गांधीजी ने यह नारा दिया था।

प्रश्न 9. "हे राम" किससे संबंधित प्रसिद्ध कथन है?

उत्तर: महात्मा गाँधी

विवरण: माना जाता है कि 30 जनवरी 1948 को गोली लगने के बाद गांधीजी के मुख से "हे राम" शब्द निकले थे। हालांकि इस विषय पर इतिहासकारों में मतभेद भी पाए जाते हैं।

प्रश्न 10. "भारत छोड़ो" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: महात्मा गाँधी

विवरण: अगस्त 1942 में शुरू हुए भारत छोड़ो आंदोलन का यह प्रमुख नारा था।

प्रश्न 11. "पूर्ण स्वराज" का लक्ष्य किसने घोषित किया था?

उत्तर: जवाहरलाल नेहरू

विवरण: 1929 के लाहौर अधिवेशन में कांग्रेस ने पूर्ण स्वराज को अपना लक्ष्य घोषित किया था। उस समय कांग्रेस अध्यक्ष जवाहरलाल नेहरू थे।

प्रश्न 12. "आराम हराम है" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: जवाहरलाल नेहरू

विवरण: स्वतंत्र भारत के निर्माण में कठोर परिश्रम और समर्पण के महत्व को बताने हेतु नेहरूजी ने यह नारा दिया था।

प्रश्न 13. "Who Lives If India Dies?" (हू लिव्स इफ इंडिया डाइज) कथन किसका है?

उत्तर: जवाहरलाल नेहरू

विवरण: यह कथन भारत के राष्ट्रीय अस्तित्व और स्वतंत्रता के महत्व को दर्शाता है।

प्रश्न 14. "हिंदी, हिन्दू, हिन्दुस्तान" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: भारतेंदु हरिश्चंद्र

विवरण: हिंदी भाषा, भारतीय संस्कृति और राष्ट्रीय चेतना को प्रोत्साहित करने के लिए यह प्रसिद्ध नारा दिया गया था।

प्रश्न 15. "वेदों की ओर लौटो" (Back to the Vedas) का नारा किसने दिया था?

उत्तर: स्वामी दयानन्द सरस्वती

विवरण: आर्य समाज के संस्थापक स्वामी दयानन्द ने वैदिक परंपराओं की ओर लौटने का आह्वान किया था।

प्रश्न 16. "जय जवान, जय किसान" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: लाल बहादुर शास्त्री

विवरण: 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध और खाद्यान्न संकट के दौरान सैनिकों और किसानों का मनोबल बढ़ाने हेतु यह नारा दिया गया था।

प्रश्न 17. "मारो फिरंगियों को" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: मंगल पाण्डेय

विवरण: 1857 की क्रांति के आरंभिक चरण में यह उद्घोष अंग्रेजी शासन के विरुद्ध विद्रोह का प्रतीक बना।

प्रश्न 18. "जय जगत" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: आचार्य विनोबा भावे

विवरण: यह नारा विश्व शांति, मानवता और वैश्विक भाईचारे का संदेश देता है।

प्रश्न 19. "कर मत दो" (No Tax Campaign) का आह्वान किसने किया था?

उत्तर: सरदार वल्लभभाई पटेल

विवरण: बारडोली सत्याग्रह (1928) के दौरान किसानों को अन्यायपूर्ण करों का विरोध करने हेतु प्रेरित किया गया।

प्रश्न 20. "सम्पूर्ण क्रांति" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: जयप्रकाश नारायण

विवरण: 1974 के बिहार आंदोलन में सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक परिवर्तन के लिए यह नारा दिया गया था।

प्रश्न 21. "विजयी विश्व तिरंगा प्यारा" गीत के रचयिता कौन थे?

उत्तर: श्यामलाल गुप्त 'पार्षद'

विवरण: यह प्रसिद्ध राष्ट्रीय ध्वज गीत है, जो स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान अत्यंत लोकप्रिय हुआ।

प्रश्न 22. "वन्दे मातरम्" की रचना किसने की थी?

उत्तर: बंकिमचन्द्र चट्टोपाध्याय

विवरण: यह गीत उनके उपन्यास "आनन्दमठ" में प्रकाशित हुआ था और स्वतंत्रता आंदोलन का प्रेरणास्रोत बना।

प्रश्न 23. "जन-गण-मन अधिनायक जय हे" की रचना किसने की थी?

उत्तर: रवीन्द्रनाथ ठाकुर

विवरण: यही गीत आगे चलकर भारत का राष्ट्रगान बना।

प्रश्न 24. "सरफरोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है" पंक्ति किससे संबंधित है?

उत्तर: मूल रचनाकार – बिस्मिल अज़ीमाबादी
**लोकप्रिय बनाने वाले – राम प्रसाद बिस्मिल

विवरण: स्वतंत्रता संग्राम के दौरान यह क्रांतिकारी कविता अत्यंत लोकप्रिय हुई।

प्रश्न 25. "सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्ताँ हमारा" गीत के रचयिता कौन थे?

उत्तर: मोहम्मद इकबाल (अल्लामा इकबाल)

विवरण: यह देशभक्ति गीत 1904 में लिखा गया था और आज भी अत्यंत लोकप्रिय है।

प्रश्न 26. "साइमन कमीशन वापस जाओ" का नारा किससे संबंधित है?

उत्तर: लाला लाजपत राय

विवरण: 1928 में साइमन कमीशन के विरोध में यह नारा पूरे भारत में गूंजा था।

प्रश्न 27. "मेरे शरीर पर पड़ी प्रत्येक लाठी अंग्रेजी शासन के ताबूत की कील सिद्ध होगी" कथन किसका है?

उत्तर: लाला लाजपत राय

विवरण: साइमन कमीशन विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस लाठीचार्ज में घायल होने के बाद उन्होंने यह ऐतिहासिक कथन कहा था।

प्रश्न 28. "मुसलमान मूर्ख थे, जिन्होंने सुरक्षा की मांग की और हिन्दू उनसे भी अधिक मूर्ख थे, जिन्होंने उस मांग को ठुकरा दिया" कथन किसका है?

उत्तर: मौलाना अबुल कलाम आजाद

विवरण: यह कथन भारत के विभाजन, सांप्रदायिक राजनीति और हिंदू-मुस्लिम संबंधों पर उनके विचारों के संदर्भ में उद्धृत किया जाता है।

प्रश्न 29. "स्वतंत्रता की देवी की जय" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: सुभाष चन्द्र बोस

विवरण: आजाद हिन्द फौज के सैनिकों में देशभक्ति एवं बलिदान की भावना जगाने हेतु प्रयुक्त।

प्रश्न 30. "जय हिन्द" को राष्ट्रीय अभिवादन के रूप में लोकप्रिय किसने बनाया?

उत्तर: सुभाष चन्द्र बोस

विवरण: यद्यपि इसका प्रारंभिक श्रेय आबिद हसन सफरानी को दिया जाता है, परंतु इसे राष्ट्रीय स्तर पर लोकप्रिय बनाने का श्रेय नेताजी को जाता है।

प्रश्न 31. "अंग्रेजों भारत छोड़ो" का नारा किस आंदोलन से संबंधित है?

उत्तर: भारत छोड़ो आंदोलन (1942)

विवरण: महात्मा गांधी के नेतृत्व में यह आंदोलन ब्रिटिश शासन के विरुद्ध अंतिम जनांदोलन सिद्ध हुआ।

प्रश्न 32. "सत्य ही ईश्वर है" किसका प्रसिद्ध कथन है?

उत्तर: महात्मा गांधी

विवरण: गांधीजी के दर्शन का मूल आधार सत्य एवं अहिंसा था।

प्रश्न 33. "अहिंसा परम धर्म" को आधुनिक राजनीतिक शक्ति के रूप में किसने स्थापित किया?

उत्तर: महात्मा गांधी

विवरण: गांधीजी ने अहिंसा को स्वतंत्रता संघर्ष का प्रमुख हथियार बनाया।

प्रश्न 34. "विजयी विश्व तिरंगा प्यारा, झंडा ऊँचा रहे हमारा" किसने लिखा?

उत्तर: श्यामलाल गुप्त 'पार्षद'

विवरण: यह राष्ट्रीय ध्वज गीत स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान अत्यंत लोकप्रिय हुआ।

प्रश्न 35. "सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्ताँ हमारा" किस कविता की पंक्ति है?

उत्तर: तराना-ए-हिन्द

रचनाकार: मोहम्मद इकबाल

प्रश्न 36. "हिन्दी राष्ट्रभाषा बने" आंदोलन से प्रमुख रूप से कौन जुड़ा था?

उत्तर: भारतेंदु हरिश्चंद्र

विवरण: उन्हें आधुनिक हिन्दी साहित्य का जनक कहा जाता है।

प्रश्न 37. "Back to the Vedas" (वेदों की ओर लौटो) का संबंध किस संगठन से है?

उत्तर: आर्य समाज

संस्थापक: स्वामी दयानन्द सरस्वती

प्रश्न 38. "जय जवान जय किसान जय विज्ञान" नारे में "जय विज्ञान" किसने जोड़ा?

उत्तर: अटल बिहारी वाजपेयी

विवरण: 1998 के पोखरण परमाणु परीक्षण के बाद।

प्रश्न 39. "जय जवान जय किसान जय विज्ञान जय अनुसंधान" नारे में "जय अनुसंधान" किसने जोड़ा?

उत्तर: नरेन्द्र मोदी

विवरण: वैज्ञानिक अनुसंधान एवं नवाचार को प्रोत्साहित करने के लिए।

प्रश्न 40. "गरीबी हटाओ" का नारा किसने दिया?

उत्तर: इन्दिरा गांधी

विवरण: 1971 के आम चुनाव में यह अत्यंत लोकप्रिय राजनीतिक नारा था।

प्रश्न 41. "संपूर्ण क्रांति अब नारा है, भावी इतिहास हमारा है" किससे संबंधित है?

उत्तर: जयप्रकाश नारायण

विवरण: 1974 के छात्र एवं जन आंदोलन का प्रमुख उद्घोष।

प्रश्न 42. "करो या मरो" का नारा कब दिया गया?

उत्तर: 8 अगस्त 1942

स्थान: मुंबई (ग्वालिया टैंक मैदान, वर्तमान अगस्त क्रांति मैदान)

प्रश्न 43. "सरफरोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है" कविता के मूल रचनाकार कौन थे?

उत्तर: बिस्मिल अज़ीमाबादी

विवरण: राम प्रसाद बिस्मिल द्वारा लोकप्रिय किए जाने के कारण अक्सर भ्रम होता है।

प्रश्न 44. "वन्दे मातरम्" पहली बार किस अधिवेशन में गाया गया?

उत्तर: भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का 1896 का कलकत्ता अधिवेशन

गायक: रवीन्द्रनाथ ठाकुर

प्रश्न 45. "इंकलाब जिंदाबाद" का अर्थ क्या है?

उत्तर: क्रांति अमर रहे

विवरण: यह भारतीय क्रांतिकारी आंदोलन का सबसे प्रसिद्ध नारा बना।

प्रश्न 46. "पूर्ण स्वराज" दिवस कब मनाया गया?

उत्तर: 26 जनवरी 1930

विवरण: इसी कारण बाद में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के रूप में चुना गया।

प्रश्न 47. "स्वदेशी अपनाओ" आंदोलन किससे संबंधित है?

उत्तर: बंगाल विभाजन विरोधी आंदोलन (1905)

विवरण: विदेशी वस्तुओं के बहिष्कार एवं स्वदेशी वस्तुओं के उपयोग पर बल दिया गया।

प्रश्न 48. "कर मत दो" आंदोलन किस सत्याग्रह से जुड़ा है?

उत्तर: बारडोली सत्याग्रह (1928)

नेता: सरदार वल्लभभाई पटेल

प्रश्न 49. "Simon Go Back" (साइमन गो बैक) का नारा किस घटना से जुड़ा है?

उत्तर: साइमन कमीशन विरोध आंदोलन (1928)

प्रश्न 50. "भारत भारतीयों के लिए" का नारा किसने दिया था?

उत्तर: आर्य समाज एवं प्रारंभिक राष्ट्रवादी नेताओं द्वारा व्यापक रूप से प्रचारित

विवरण: भारतीय राष्ट्रवाद के विकास में यह विचार अत्यंत प्रभावशाली रहा।

परीक्षाओं में अत्यधिक पूछे जाने वाले Top 10 नारे

  1. स्वराज्य मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है — बाल गंगाधर तिलक
  2. इंकलाब जिंदाबाद — हसरत मोहानी / भगत सिंह
  3. दिल्ली चलो — सुभाष चन्द्र बोस
  4. तुम मुझे खून दो मैं तुम्हें आजादी दूँगा — सुभाष चन्द्र बोस
  5. करो या मरो — महात्मा गांधी
  6. भारत छोड़ो — महात्मा गांधी
  7. जय जवान जय किसान — लाल बहादुर शास्त्री
  8. सम्पूर्ण क्रांति — जयप्रकाश नारायण
  9. गरीबी हटाओ — इन्दिरा गांधी
  10. वेदों की ओर लौटो — स्वामी दयानन्द सरस्वती

परीक्षा हेतु अति महत्वपूर्ण एक-पंक्ति तथ्य

नारा / कथनव्यक्तित्व
स्वराज्य मेरा जन्मसिद्ध अधिकार हैबाल गंगाधर तिलक
इंकलाब जिंदाबादमौलाना हसरत मोहानी / लोकप्रिय – भगत सिंह
दिल्ली चलोसुभाष चन्द्र बोस
तुम मुझे खून दो मैं तुम्हें आजादी दूँगासुभाष चन्द्र बोस
जय हिन्दआबिद हसन, लोकप्रिय – सुभाष बोस
करो या मरोमहात्मा गाँधी
भारत छोड़ोमहात्मा गाँधी
आराम हराम हैजवाहरलाल नेहरू
वेदों की ओर लौटोस्वामी दयानन्द सरस्वती
जय जवान जय किसानलाल बहादुर शास्त्री
सम्पूर्ण क्रांतिजयप्रकाश नारायण
जय जगतविनोबा भावे
वन्दे मातरम्बंकिमचन्द्र चट्टोपाध्याय
जन-गण-मनरवीन्द्रनाथ ठाकुर
सारे जहाँ से अच्छामोहम्मद इकबाल
साइमन कमीशन वापस जाओ
                                                                     
लाला लाजपत राय      

GK – प्राचीन एवं मध्यकालीन भारत इतिहास

GK – प्राचीन एवं मध्यकालीन भारत इतिहास 

भाग – 1 : सिंधु सभ्यता, वैदिक काल, महाजनपद, मौर्य, गुप्त एवं प्रारम्भिक मध्यकाल

प्रश्न 1. मांडा (Manda) पुरातात्त्विक स्थल किस नदी के किनारे स्थित था?
उत्तर: चेनाब नदी के किनारे।
विवरण: मांडा जम्मू-कश्मीर में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे उत्तरी पुरातात्त्विक स्थल माना जाता है। यह स्थल सिंधु सभ्यता के व्यापारिक विस्तार का महत्वपूर्ण प्रमाण है।

प्रश्न 2. सिंधु घाटी सभ्यता का प्रसिद्ध स्थल कालीबंगन वर्तमान में किस राज्य में स्थित है?
उत्तर: राजस्थान।
विवरण: कालीबंगन राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में घग्घर नदी के तट पर स्थित है। यहाँ से जुते हुए खेत के प्रमाण प्राप्त हुए हैं, जो विश्व के सबसे प्राचीन कृषि प्रमाणों में गिने जाते हैं।

प्रश्न 3. सिंधु घाटी सभ्यता के लोग मुख्यतः किस शक्ति की पूजा करते थे?
उत्तर: मातृशक्ति (मातृदेवी)।
विवरण: खुदाई में प्राप्त अनेक स्त्री-मूर्तियों से विद्वानों ने अनुमान लगाया है कि सिंधु निवासी उर्वरता एवं मातृशक्ति की पूजा करते थे।

प्रश्न 4. प्राचीनतम विवाह संस्कार का वर्णन करने वाला ‘विवाह सूक्त’ किस वेद में मिलता है?
उत्तर: ऋग्वेद के दशम मंडल में।
विवरण: विवाह सूक्त (ऋग्वेद 10.85) में वैदिक विवाह संस्कार एवं पारिवारिक जीवन का विस्तृत वर्णन मिलता है।

प्रश्न 5. ऋग्वेद में सबसे पवित्र नदी किसे माना गया है?
उत्तर: सरस्वती नदी।
विवरण: ऋग्वेद में सरस्वती का सर्वाधिक महिमामंडन किया गया है तथा उसे ‘नदीतमा’ कहा गया है।

प्रश्न 6. यज्ञ सम्बन्धी विधि-विधानों का विस्तृत वर्णन किस वेद में मिलता है?
उत्तर: यजुर्वेद।
विवरण: यजुर्वेद मुख्यतः यज्ञों की प्रक्रिया, मंत्रों तथा अनुष्ठानों से संबंधित है।

प्रश्न 7. वेदों की कुल संख्या कितनी है?
उत्तर: चार।
विवरण: ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद तथा अथर्ववेद।

प्रश्न 8. प्रसिद्ध ‘गायत्री मंत्र’ किस वेद से लिया गया है?
उत्तर: ऋग्वेद।
विवरण: गायत्री मंत्र ऋग्वेद के तृतीय मंडल (3.62.10) में मिलता है। इसके ऋषि विश्वामित्र माने जाते हैं।

प्रश्न 9. प्रथम मगध साम्राज्य का उत्कर्ष किस शताब्दी में हुआ था?
उत्तर: छठी शताब्दी ईसा पूर्व।
विवरण: बिम्बिसार एवं अजातशत्रु के शासनकाल में मगध महाजनपद सबसे शक्तिशाली राज्य बनकर उभरा।

प्रश्न 10. भारत में सिक्कों (मुद्रा) का प्रचलन लगभग कब प्रारम्भ हुआ?
उत्तर: लगभग 600 ईसा पूर्व।
विवरण: इस काल में पंच-चिह्नित (Punch Marked) सिक्कों का उपयोग प्रारम्भ हुआ।

प्रश्न 11. वासुदेव कृष्ण की पूजा सर्वप्रथम किस समुदाय ने प्रारम्भ की थी?
उत्तर: सात्वतों ने।
विवरण: सात्वत समुदाय द्वारा वासुदेव-कृष्ण की उपासना आगे चलकर भागवत धर्म का आधार बनी।

प्रश्न 12. सारनाथ में भगवान बुद्ध का प्रथम उपदेश किस नाम से प्रसिद्ध है?
उत्तर: धर्मचक्रप्रवर्तन।
विवरण: बुद्ध ने ज्ञान प्राप्ति के बाद सारनाथ में अपने पाँच पूर्व साथियों को प्रथम उपदेश दिया था।

प्रश्न 13. महावीर स्वामी ने जैन संघ की स्थापना कहाँ की थी?
उत्तर: पावा (वर्तमान पावापुरी क्षेत्र)।
विवरण: महावीर ने जैन धर्म को संगठित रूप प्रदान किया और संघ व्यवस्था विकसित की।

प्रश्न 14. भारत का सबसे बड़ा बौद्ध स्तूप कहाँ स्थित है?
उत्तर: सांची (मध्य प्रदेश)।
विवरण: सांची स्तूप का मूल निर्माण सम्राट अशोक ने कराया था।

प्रश्न 15. अशोक के शासनकाल में तृतीय बौद्ध संगीति कहाँ आयोजित की गई थी?
उत्तर: पाटलिपुत्र।
विवरण: इसकी अध्यक्षता मोग्गलिपुत्त तिस्स ने की थी।

प्रश्न 16. मौर्यकाल में गुप्तचरों को क्या कहा जाता था?
उत्तर: गूढ़ पुरुष।
विवरण: कौटिल्य के अर्थशास्त्र में गुप्तचर व्यवस्था का विस्तृत वर्णन मिलता है।

प्रश्न 17. मेगास्थनीज द्वारा लिखित प्रसिद्ध पुस्तक का नाम क्या है?
उत्तर: इण्डिका (Indica)।
विवरण: मेगास्थनीज यूनानी राजदूत था जो चन्द्रगुप्त मौर्य के दरबार में आया था।

प्रश्न 18. श्रीनगर नगर की स्थापना किस मौर्य शासक ने की थी?
उत्तर: सम्राट अशोक।
विवरण: अशोक ने कश्मीर में बौद्ध धर्म के प्रसार को विशेष संरक्षण दिया।

प्रश्न 19. प्राचीन कलिंग का महान शासक कौन था?
उत्तर: खारवेल।
विवरण: हाथीगुम्फा अभिलेख से उसके शासन की जानकारी मिलती है।

प्रश्न 20. काण्व (कण्व) वंश का संस्थापक कौन था?
उत्तर: वसुदेव काण्व।
विवरण: उसने अंतिम शुंग शासक देवभूति को हटाकर काण्व वंश की स्थापना की।

प्रश्न 21. तक्षशिला विश्वविद्यालय वर्तमान में किस देश में स्थित है?
उत्तर: पाकिस्तान।
विवरण: यह विश्व के प्राचीनतम शिक्षा केन्द्रों में से एक था।

प्रश्न 22. ‘तमिल काव्य का ओडिसी’ किस ग्रंथ को कहा जाता है?
उत्तर: मणिमेकलई।
विवरण: यह तमिल साहित्य के पाँच महान महाकाव्यों में से एक है।

प्रश्न 23. गुप्तकालीन ग्रंथ ‘नवनीतकम्’ का संबंध किस विषय से है?
उत्तर: चिकित्सा विज्ञान।
विवरण: यह आयुर्वेद एवं चिकित्सा ज्ञान से संबंधित ग्रंथ है।

प्रश्न 24. गुप्त शासकों की राजकीय एवं दरबारी भाषा कौन-सी थी?
उत्तर: संस्कृत।
विवरण: गुप्तकाल को संस्कृत साहित्य का स्वर्ण युग कहा जाता है।

प्रश्न 25. किस गुप्त शासक ने दक्षिणापथ के 12 राज्यों पर ‘धर्मविजय’ प्राप्त की थी?
उत्तर: समुद्रगुप्त।
विवरण: इसकी जानकारी प्रयाग प्रशस्ति से प्राप्त होती है।

प्रश्न 26. बाल विवाह की प्रथा के व्यापक प्रसार का प्रारम्भ किस काल से माना जाता है?
उत्तर: गुप्तकाल।
विवरण: गुप्तोत्तर काल में यह प्रथा और अधिक प्रचलित हुई।

प्रश्न 27. गुप्तकालीन शासन व्यवस्था किस प्रकार की थी?
उत्तर: राजतंत्रात्मक।
विवरण: राजा सर्वोच्च सत्ता का केन्द्र था, किन्तु प्रशासनिक विकेन्द्रीकरण भी देखने को मिलता है।

प्रश्न 28. दक्षिण भारत के संदर्भ में ‘एरीपत्ती’ का क्या अर्थ था?
उत्तर: जलाशयों के रख-रखाव हेतु निर्धारित भूमि।
विवरण: चोल प्रशासन में सिंचाई व्यवस्था को अत्यधिक महत्व दिया गया था।

प्रश्न 29. किस शासक को ‘द्वितीय अशोक’ कहा जाता है?
उत्तर: हर्षवर्धन।
विवरण: धार्मिक सहिष्णुता एवं जनकल्याणकारी कार्यों के कारण उसकी तुलना अशोक से की जाती है।

प्रश्न 30. हर्षवर्धन अपनी विशाल धार्मिक सभाएँ कहाँ आयोजित करता था?
उत्तर: प्रयाग (इलाहाबाद/प्रयागराज)।
विवरण: प्रत्येक पाँच वर्ष बाद आयोजित होने वाली सभा को महामोक्ष परिषद कहा जाता था।

प्रश्न 31. मानव द्वारा सर्वप्रथम प्रयुक्त प्रमुख अनाज कौन-सा माना जाता है?
उत्तर: जौ (Barley)।
विशेष टिप्पणी: पुराने जीके स्रोतों में "चावल" मिलता है, किन्तु नवीन पुरातात्त्विक अध्ययनों के अनुसार विश्व स्तर पर जौ एवं गेहूँ के प्रारम्भिक उपयोग के अधिक प्रमाण प्राप्त हुए हैं। भारतीय उपमहाद्वीप में भी जौ का उपयोग अत्यंत प्राचीन है।

प्रश्न 32. हेरोडोटस के विवरण से भारत के किस देश के साथ संबंधों की जानकारी मिलती है?
उत्तर: ईरान (फारस)।
विवरण: हेरोडोटस ने भारत एवं आकेमेनिड फारसी साम्राज्य के संबंधों का उल्लेख किया है।

प्रश्न 33. महरौली स्थित प्रसिद्ध जंग-रहित लौह स्तंभ किस गुप्त शासक से संबंधित माना जाता है?
उत्तर: चन्द्रगुप्त द्वितीय विक्रमादित्य।
विवरण: लौह स्तंभ भारतीय धातुकर्म की उत्कृष्ट उपलब्धि का उदाहरण है।

प्रश्न 34. हिन्दू विधि पर प्रसिद्ध ग्रंथ ‘मिताक्षरा’ किसने लिखा था?
उत्तर: विज्ञानेश्वर।
विवरण: यह याज्ञवल्क्य स्मृति पर लिखी गई प्रसिद्ध टीका है।

प्रश्न 35. विक्रमशिला विश्वविद्यालय के संस्थापक कौन थे?
उत्तर: धर्मपाल (पाल वंश)।
विवरण: विक्रमशिला मध्यकालीन भारत का प्रमुख बौद्ध शिक्षा केन्द्र था।

प्रश्न 36. विजय स्तम्भ (कीर्ति स्तम्भ नहीं) का निर्माण किस शासक ने कराया था?
उत्तर: राणा कुम्भा।
विवरण: चित्तौड़गढ़ का विजय स्तम्भ 1448 ई. में मालवा के सुल्तान महमूद खिलजी पर विजय की स्मृति में बनवाया गया था।

प्रश्न 37. खजुराहो के प्रसिद्ध मंदिरों का निर्माण किस राजवंश ने कराया था?
उत्तर: चंदेल राजवंश।
विवरण: इन मंदिरों का निर्माण 950 से 1050 ई. के बीच हुआ।

प्रश्न 38. माउंट आबू के प्रसिद्ध दिलवाड़ा जैन मंदिरों में लूण वसाही मंदिर का निर्माण किसने कराया था?
उत्तर: तेजपाल एवं वस्तुपाल।
विवरण: यह जैन स्थापत्य कला का उत्कृष्ट उदाहरण है।

प्रश्न 39. कन्नड़ साहित्य के उत्कर्ष का काल किस राजवंश के शासनकाल को माना जाता है?
उत्तर: राष्ट्रकूट वंश।
विवरण: राष्ट्रकूट शासकों ने कन्नड़ साहित्य को विशेष संरक्षण दिया।

प्रश्न 40. राष्ट्रकूट प्रशासन में ‘राष्ट्र’ (प्रांत) का प्रमुख क्या कहलाता था?
उत्तर: राष्ट्रपति।
विवरण: राष्ट्रकूट प्रशासन में प्रांत को ‘राष्ट्र’ कहा जाता था।

प्रश्न 41. चोल शासकों ने मुख्यतः किस धर्म को संरक्षण दिया?
उत्तर: शैव धर्म।
विवरण: तंजावुर का बृहदेश्वर मंदिर चोल स्थापत्य एवं शैव परंपरा का उत्कृष्ट उदाहरण है।

प्रश्न 42. किस राष्ट्रकूट शासक ने रामेश्वरम् में विजय स्तंभ एवं देवालय की स्थापना की थी?
उत्तर: कृष्ण तृतीय (Krishna III)।

प्रश्न 43. युद्ध में विशेष वीरता दिखाने वाले योद्धाओं को कौन-सी उपाधि दी जाती थी?
उत्तर: क्षत्रिय-शिखामणि।

प्रश्न 44. ‘मत्तविलास प्रहसन’ नाटक का रचयिता कौन था?
उत्तर: महेन्द्रवर्मन प्रथम।
विवरण: वह पल्लव वंश का प्रसिद्ध शासक एवं साहित्यकार था।

प्रश्न 45. द्रविड़ शैली की मंदिर स्थापत्य कला का प्रारम्भिक विकास किस राजवंश के काल में हुआ?
उत्तर: पल्लव वंश।
विवरण: महाबलीपुरम के रथ एवं शोर मंदिर इसके प्रमुख उदाहरण हैं।

प्रश्न 46. महमूद गजनवी ने भारत पर कितनी बार आक्रमण किया था?
उत्तर: 17 बार।
विवरण: उसके आक्रमण 1000 से 1027 ई. के बीच हुए।

प्रश्न 47. भारत में मुस्लिम राज्य की स्थापना का श्रेय सामान्यतः किसे दिया जाता है?
उत्तर: मुहम्मद गोरी।
विवरण: उसके सेनापति कुतुबुद्दीन ऐबक ने आगे चलकर दिल्ली सल्तनत की स्थापना की।

प्रश्न 48. कुतुबमीनार का निर्माण कार्य किस शासक ने पूर्ण कराया था?
उत्तर: इल्तुतमिश।
विवरण: निर्माण का प्रारम्भ कुतुबुद्दीन ऐबक ने किया था।

प्रश्न 49. नहर निर्माण को प्रोत्साहन देने वाला दिल्ली सल्तनत का प्रथम प्रमुख शासक कौन था?
उत्तर: फिरोजशाह तुगलक।
विशेष टिप्पणी: पुराने जीके स्रोतों में गयासुद्दीन तुगलक मिलता है, किन्तु नहर निर्माण के लिए प्रसिद्ध शासक फिरोजशाह तुगलक था।

प्रश्न 50. मुहम्मद-बिन-तुगलक की मृत्यु कहाँ हुई थी?
उत्तर: थट्टा (वर्तमान पाकिस्तान के सिंध क्षेत्र में)।

प्रश्न 51. रज़िया सुल्तान किसकी पुत्री थी?
उत्तर: इल्तुतमिश।

प्रश्न 52. अलबेरूनी किस शासक के शासनकाल में भारत आया था?
उत्तर: महमूद गजनवी।
विवरण: उसने ‘तहकीक-ए-हिन्द’ नामक प्रसिद्ध ग्रंथ लिखा।

प्रश्न 53. लोदी वंश का संस्थापक कौन था?
उत्तर: बहलोल लोदी।

प्रश्न 54. कुतुबुद्दीन ऐबक की राजधानी कहाँ थी?
उत्तर: लाहौर।

प्रश्न 55. सल्तनतकालीन डाक व्यवस्था का विस्तृत वर्णन किस यात्री ने किया है?
उत्तर: इब्न बतूता।

प्रश्न 56. ‘सबक-ए-हिन्दी’ (हिन्दुस्तानी शैली) के प्रमुख प्रवर्तक किसे माना जाता है?
उत्तर: अमीर खुसरो।
विवरण: उन्हें भारत का तोता (Tuti-e-Hind) भी कहा जाता है।

प्रश्न 57. विजयनगर साम्राज्य की स्थापना कब हुई थी?
उत्तर: 1336 ईस्वी।
विवरण: इसकी स्थापना हरिहर एवं बुक्का ने की थी।

प्रश्न 58. अटाला मस्जिद कहाँ स्थित है?
उत्तर: जौनपुर (उत्तर प्रदेश)।

प्रश्न 59. 1565 ईस्वी में कौन-सा प्रसिद्ध युद्ध लड़ा गया था?
उत्तर: तालीकोटा का युद्ध।
विवरण: इस युद्ध में विजयनगर साम्राज्य को दक्कन सल्तनतों से पराजय मिली।

प्रश्न 60. किस विजयनगर शासक ने उम्मात्तूर के विद्रोही सामंत गंगराय का दमन किया था?
उत्तर: कृष्णदेव राय।
विवरण: कृष्णदेव राय को विजयनगर साम्राज्य का सर्वश्रेष्ठ शासक माना जाता है।

परीक्षा हेतु अत्यंत महत्वपूर्ण तथ्य

  • सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा नगर – मोहनजोदड़ो

  • सबसे बड़ा स्तूप – सांची स्तूप

  • प्रथम बौद्ध उपदेश – धर्मचक्रप्रवर्तन

  • गुप्तकाल की राजभाषा – संस्कृत

  • द्वितीय अशोक – हर्षवर्धन

  • विजय स्तम्भ – राणा कुम्भा

  • 17 आक्रमण – महमूद गजनवी

  • दिल्ली सल्तनत का वास्तविक संस्थापक – इल्तुतमिश (इतिहासकारों के अनुसार)

  • विजयनगर स्थापना – 1336 ई.

  • तालीकोटा युद्ध – 1565 ई.

यह संस्करण नवीन इतिहास-आधारित तथ्यों के अनुसार संशोधित किया गया है तथा जिन प्रश्नों में पुराने जीके स्रोतों में त्रुटियाँ प्रचलित थीं, वहाँ अद्यतन टिप्पणी भी जोड़ दी गई है।

GK - भारतीय संविधान, राष्ट्रपति एवं संविधान सभा

  1. GK - भारतीय राजव्यवस्था एवं संविधान

    राष्ट्रपति (President of India)

    भारत के राजचिह्न पर अंकित "सत्यमेव जयते" किस उपनिषद से लिया गया है?

    उत्तर: मुण्डक उपनिषद (मुण्डकोपनिषद्)

    व्याख्या: "सत्यमेव जयते नानृतम्" मुण्डक उपनिषद का प्रसिद्ध वाक्य है, जिसका अर्थ है – सत्य की ही विजय होती है।

    भारत का राष्ट्रपति अपना त्यागपत्र किसे सौंपता है?

    उत्तर: उपराष्ट्रपति को

    संवैधानिक आधार: अनुच्छेद 56(1)(a)

GK - जीके – भारत में बीघा (Bigha) : विभिन्न राज्यों में माप, क्षेत्रफल एवं रूपांतरण (Measurement of Land Area)

भारत में बीघा (Bigha) : विभिन्न राज्यों में माप, क्षेत्रफल एवं रूपांतरण


भारत में भूमि मापन की पारंपरिक इकाइयों में बीघा (Bigha) का विशेष महत्व है। कृषि भूमि, ग्रामीण संपत्ति तथा राजस्व अभिलेखों में आज भी बीघा का व्यापक उपयोग किया जाता है। हालांकि, बीघा कोई राष्ट्रीय मानक इकाई नहीं है, इसलिए इसका क्षेत्रफल राज्य, क्षेत्र तथा स्थानीय परंपराओं के अनुसार भिन्न-भिन्न होता है। इसी कारण एक राज्य का 1 बीघा दूसरे राज्य के 1 बीघा के बराबर नहीं होता।

महत्वपूर्ण तथ्य :

  • 1 एकड़ = 43,560 वर्ग फुट
  • 1 हेक्टेयर = 10,000 वर्ग मीटर = 107,639 वर्ग फुट
  • बीघा का मान राज्य एवं स्थानीय राजस्व नियमों के अनुसार बदलता है।
  • भूमि खरीद-बिक्री के समय स्थानीय राजस्व अभिलेखों की पुष्टि आवश्यक होती है।

प्राचीन भारतीय इतिहास के स्रोत (Sources of Ancient Indian History) – सम्पूर्ण अध्ययन

इतिहास – प्राचीन भारत

प्राचीन भारतीय इतिहास के स्रोत

प्राचीन भारतीय इतिहास के विषय में जानकारी मुख्यतः निम्नलिखित चार प्रमुख स्रोतों से प्राप्त होती है—

  1. धार्मिक साहित्य (धर्मग्रंथ)
  2. ऐतिहासिक एवं लौकिक साहित्य
  3. विदेशी यात्रियों एवं लेखकों के विवरण
  4. पुरातात्त्विक साक्ष्य

इन स्रोतों के आधार पर इतिहासकार भारत की राजनीतिक, सामाजिक, आर्थिक, धार्मिक तथा सांस्कृतिक परिस्थितियों का पुनर्निर्माण करते हैं।

धर्मग्रंथ एवं ऐतिहासिक ग्रंथों से प्राप्त जानकारी

भारत का सर्वप्राचीन धार्मिक साहित्य वेद हैं। भारतीय परंपरा के अनुसार वेदों के संकलनकर्ता महर्षि कृष्ण द्वैपायन वेदव्यास माने जाते हैं। वेदों को "अपौरुषेय" अर्थात् मानव-रचित नहीं तथा "नित्य" माना गया है।

वेदों में वर्णित "वसुधैव कुटुम्बकम्" का आदर्श सम्पूर्ण विश्व को एक परिवार मानने की भावना को व्यक्त करता है।

चार वेद

  1. ऋग्वेद
  2. यजुर्वेद
  3. सामवेद
  4. अथर्ववेद

इन चारों को सामूहिक रूप से संहिता कहा जाता है।

ऋग्वेद

ऋचाओं के क्रमबद्ध संग्रह को ऋग्वेद कहा जाता है।

प्रमुख तथ्य

  • यह विश्व का सर्वप्राचीन उपलब्ध ग्रंथ माना जाता है।
  • इसमें 10 मंडल, 1028 सूक्त तथा लगभग 10,600 ऋचाएँ हैं।
  • इसकी भाषा वैदिक संस्कृत है।
  • यह प्रारम्भिक वैदिक आर्यों के जीवन, समाज, राजनीति एवं धर्म का प्रमुख स्रोत है।

महत्वपूर्ण विवरण

  • ऋग्वेद के तृतीय मंडल में महर्षि विश्वामित्र द्वारा रचित प्रसिद्ध गायत्री मंत्र मिलता है।
  • नवम मंडल पूर्णतः सोम देवता को समर्पित है।
  • अष्टम मंडल की कुछ अतिरिक्त ऋचाओं को "खिल" कहा जाता है।
  • दशम मंडल में वर्णित पुरुषसूक्त से चातुर्वर्ण व्यवस्था (ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य एवं शूद्र) का उल्लेख मिलता है।

वामनावतार का प्राचीनतम उल्लेख

भगवान विष्णु के वामनावतार तथा उनके तीन पगों की कथा का सर्वप्रथम उल्लेख ऋग्वेद में मिलता है।

देवताओं का उल्लेख

  • इन्द्र के लिए लगभग 250 ऋचाएँ
  • अग्नि के लिए लगभग 200 ऋचाएँ

ऐतिहासिक महत्व

ऋग्वेद से प्राप्त जानकारी—

  • आर्यों का प्रारम्भिक निवास
  • जन, विश, गण जैसी राजनीतिक संस्थाएँ
  • सभा एवं समिति
  • दशराज्ञ युद्ध
  • प्रारम्भिक वैदिक समाज

परीक्षा उपयोगी तथ्य

प्राचीन इतिहास के साधन के रूप में वैदिक साहित्य में ऋग्वेद के बाद शतपथ ब्राह्मण का विशेष महत्व माना जाता है।

यजुर्वेद

यज्ञों में प्रयुक्त मंत्रों तथा अनुष्ठानिक नियमों का संग्रह यजुर्वेद कहलाता है।

प्रमुख तथ्य

  • इसके पाठकर्ता को अध्वर्यु कहा जाता है।
  • यज्ञ-विधि का सबसे महत्वपूर्ण ग्रंथ।
  • गद्य और पद्य दोनों रूपों में रचित।
  • दो प्रमुख शाखाएँ—
    • कृष्ण यजुर्वेद
    • शुक्ल यजुर्वेद

ऐतिहासिक महत्व

यज्ञ प्रणाली, वैदिक कर्मकांड तथा सामाजिक संरचना की जानकारी प्रदान करता है।

सामवेद

"साम" का अर्थ है—गान या संगीत।

प्रमुख तथ्य

  • इसमें मुख्यतः ऋग्वेद के मंत्रों को संगीतबद्ध रूप में प्रस्तुत किया गया है।
  • इसके पाठकर्ता को उद्गाता कहा जाता है।
  • इसे भारतीय संगीत का मूल स्रोत माना जाता है।

महत्व

भारतीय शास्त्रीय संगीत की परंपरा का प्रारंभिक आधार सामवेद को माना जाता है।

नोट: यजुर्वेद एवं सामवेद में किसी विशेष ऐतिहासिक घटना का विस्तृत वर्णन नहीं मिलता।

अथर्ववेद

अथर्व ऋषि से संबंधित यह वेद वैदिक कालीन सामान्य जनता के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण स्रोत है।

प्रमुख तथ्य

  • इसमें 20 काण्ड, लगभग 731 सूक्त एवं लगभग 6000 मंत्र हैं।
  • इसमें जादू-टोना, तंत्र-मंत्र, चिकित्सा, रोग-निवारण तथा लोकविश्वासों का उल्लेख मिलता है।

पृथ्वी सूक्त

अथर्ववेद का प्रसिद्ध पृथ्वी सूक्त मानव जीवन के अनेक पक्षों का वर्णन करता है—

  • कृषि
  • गृह निर्माण
  • व्यापार
  • विवाह
  • चिकित्सा
  • औषधियाँ
  • सामाजिक समन्वय

ऐतिहासिक महत्व

  • राजा परीक्षित का उल्लेख
  • कुरु राज्य की समृद्धि का वर्णन
  • सभा एवं समिति को प्रजापति की दो पुत्रियाँ कहा गया है

परीक्षा उपयोगी तथ्य

  • सर्वप्राचीन वेद — ऋग्वेद
  • सर्वाधिक उत्तरकालीन वेद — अथर्ववेद

वेदांग

वेदों को समझने हेतु छह वेदांगों की रचना हुई—

  1. शिक्षा
  2. कल्प
  3. व्याकरण
  4. निरुक्त
  5. छंद
  6. ज्योतिष

ब्राह्मण, आरण्यक एवं उपनिषद

ब्राह्मण ग्रंथ

यज्ञों की व्याख्या करने वाले ग्रंथ ब्राह्मण कहलाते हैं।

महत्वपूर्ण ब्राह्मण—

  • ऐतरेय ब्राह्मण
  • कौषीतकि ब्राह्मण
  • शतपथ ब्राह्मण
  • तैत्तिरीय ब्राह्मण

शतपथ ब्राह्मण

यह वैदिक काल के अध्ययन का अत्यंत महत्वपूर्ण स्रोत है।

  • इसमें स्त्री को पुरुष की "अर्धांगिनी" कहा गया है।
  • वैदिक यज्ञों का विस्तृत वर्णन मिलता है।

उपनिषद

उपनिषदों को वेदांत भी कहा जाता है।

प्रमुख उपनिषद

  • ईश
  • केन
  • कठ
  • प्रश्न
  • मुण्डक
  • माण्डूक्य
  • छांदोग्य
  • बृहदारण्यक

महत्व

उपनिषद भारतीय दर्शन के मूल आधार हैं तथा आत्मा, ब्रह्म, मोक्ष एवं कर्म सिद्धांत की व्याख्या करते हैं।

पुराण

भारतीय ऐतिहासिक परंपरा का क्रमबद्ध विवरण पुराणों में मिलता है।

प्रमुख तथ्य

  • कुल 18 महापुराण।
  • परंपरा के अनुसार रचयिता — लोमहर्षण एवं उनके पुत्र उग्रश्रवा।

ऐतिहासिक महत्व

राजवंशों की वंशावलियाँ विशेष रूप से निम्न पुराणों में मिलती हैं—

  • मत्स्य पुराण
  • वायु पुराण
  • विष्णु पुराण
  • ब्रह्माण्ड पुराण
  • भागवत पुराण

विशेष तथ्य

स्त्रियाँ एवं शूद्र, जिन्हें वेद अध्ययन की अनुमति नहीं थी, पुराणों का श्रवण कर सकते थे।

स्मृतियाँ

स्मृतियाँ सामाजिक एवं विधिक व्यवस्था की जानकारी देती हैं।

प्रमुख स्मृतियाँ

  • मनुस्मृति
  • याज्ञवल्क्य स्मृति
  • नारद स्मृति
  • बृहस्पति स्मृति

ऐतिहासिक महत्व

  • मनुस्मृति को सबसे प्राचीन एवं प्रभावशाली स्मृति माना जाता है।
  • नारद स्मृति से गुप्तकालीन व्यवस्था की जानकारी मिलती है।

बौद्ध साहित्य

त्रिपिटक

बौद्ध धर्म के प्रमुख ग्रंथ—

  1. विनय पिटक
  2. सुत्त पिटक
  3. अभिधम्म पिटक

जातक कथाएँ

इनमें बुद्ध के पूर्व जन्मों की कथाएँ वर्णित हैं।

कथावत्थु

हीनयान बौद्ध साहित्य का महत्वपूर्ण ग्रंथ।

जैन साहित्य

जैन धर्म के धार्मिक ग्रंथों को आगम कहा जाता है।

प्रमुख ग्रंथ

  • कल्पसूत्र
  • भगवती सूत्र
  • आचारांग सूत्र

ऐतिहासिक महत्व

महावीर स्वामी के जीवन तथा समकालीन राज्यों की जानकारी प्राप्त होती है।

लौकिक एवं ऐतिहासिक साहित्य

अर्थशास्त्र

लेखक — चाणक्य (कौटिल्य / विष्णुगुप्त)

प्रमुख तथ्य

  • 15 अधिकरण
  • लगभग 180 प्रकरण

महत्व

मौर्यकालीन प्रशासन, कर व्यवस्था, कूटनीति तथा अर्थव्यवस्था का प्रमुख स्रोत।

अष्टाध्यायी

लेखक — पाणिनि

महत्व

  • संस्कृत व्याकरण का महान ग्रंथ।
  • महाजनपद कालीन भारत की जानकारी देता है।

महाभाष्य

लेखक — पतंजलि

महत्व

शुंगकालीन इतिहास के अध्ययन में उपयोगी।


राजतरंगिणी

लेखक — कल्हण

महत्व

  • संस्कृत में लिखित प्रथम व्यवस्थित ऐतिहासिक ग्रंथ।
  • कश्मीर का इतिहास।

चचनामा

लेखक — अली अहमद

महत्व

सिंध पर अरब विजय का विवरण।

ईसा पूर्व (BC/BCE) एवं ईस्वी (AD/CE)

आधुनिक काल में इतिहास लेखन में दो प्रकार की समय-गणना प्रचलित है—

पुरानी पद्धति

  • BC (Before Christ)
  • AD (Anno Domini)

आधुनिक एवं वैज्ञानिक पद्धति

  • BCE (Before Common Era)
  • CE (Common Era)

आज अधिकांश इतिहासकार BCE तथा CE का प्रयोग करते हैं।

विदेशी यात्रियों एवं लेखकों के विवरण

यूनानी एवं रोमन लेखक

टेसियस (Ctesias)

ईरान का राजवैद्य। इसका विवरण अनेक काल्पनिक कथाओं से युक्त है।

हेरोडोटस

  • "इतिहास का पिता"
  • पुस्तक — Histories

मेगास्थनीज

  • सेल्यूकस निकेटर का राजदूत
  • चन्द्रगुप्त मौर्य के दरबार में आया

पुस्तक

इण्डिका (Indica)

महत्व

मौर्यकालीन प्रशासन, समाज एवं अर्थव्यवस्था का वर्णन।

डाइमेकस

बिन्दुसार के दरबार में आया यूनानी राजदूत।

डायोनिसियस

अशोक के समय भारत आया यूनानी दूत।

टॉलमी

पुस्तक — Geography

प्लिनी

पुस्तक — Natural History

पेरिप्लस ऑफ द एरिथ्रियन सी

भारतीय बंदरगाहों एवं समुद्री व्यापार का महत्वपूर्ण विवरण।

चीनी यात्री

फाह्यान (Fa-Hien)

  • चन्द्रगुप्त द्वितीय के समय आया।
  • गुप्तकालीन समाज का वर्णन।

ह्वेनसांग (Xuanzang)

  • हर्षवर्धन के समय भारत आया।
  • 629–645 ई. के बीच भारत में रहा।
  • नालंदा विश्वविद्यालय में अध्ययन किया।

पुस्तक

सी-यू-की (Si-Yu-Ki)

महत्व

हर्षकालीन राजनीति, धर्म एवं शिक्षा का प्रमुख स्रोत।

विशेष तथ्य

उस समय नालंदा विश्वविद्यालय के कुलपति आचार्य शीलभद्र थे।

इत्सिंग (I-Tsing)

  • 7वीं शताब्दी के अंत में भारत आया।
  • नालंदा तथा बौद्ध शिक्षा का विवरण दिया।

अरब लेखक

अलबरूनी

  • महमूद गजनवी के साथ भारत आया।
  • पुस्तक — तहकीक-ए-हिन्द (किताब-उल-हिन्द)

महत्व

भारतीय समाज, धर्म, विज्ञान एवं दर्शन का विस्तृत विवरण।

इब्न बतूता

  • 1333 ई. में भारत आया।
  • मुहम्मद बिन तुगलक द्वारा काजी नियुक्त।

पुस्तक

रिहला (Rihla)

अन्य विदेशी लेखक

तारानाथ

तिब्बती विद्वान, जिनकी रचनाओं से बौद्ध इतिहास की जानकारी मिलती है।

मार्को पोलो

13वीं शताब्दी के अंत में दक्षिण भारत आया।

पुरातात्त्विक साक्ष्य

पुरातत्व प्राचीन इतिहास का सबसे विश्वसनीय स्रोत माना जाता है।

इसके अंतर्गत आते हैं—

  • अभिलेख
  • सिक्के
  • स्मारक
  • मूर्तियाँ
  • उत्खनन
  • स्थापत्य अवशेष

महत्वपूर्ण पुरातात्त्विक तथ्य

बोगाजकोई (Boghazkoi) अभिलेख

लगभग 1400 ईसा पूर्व के इस अभिलेख में वैदिक देवताओं—

  • मित्र
  • वरुण
  • इन्द्र
  • नासत्य

का उल्लेख मिलता है।

हेलियोडोरस स्तम्भ

विदिशा (वेसनगर) में स्थित।

भागवत धर्म के विकास का महत्वपूर्ण प्रमाण।

हाथीगुम्फा अभिलेख

कलिंग नरेश खारवेल का अभिलेख।

"भारतवर्ष" शब्द का प्रारम्भिक उल्लेख मिलता है।

सोहगौरा ताम्रपत्र

भारत में अकाल (दुर्भिक्ष) का सबसे प्राचीन अभिलेखीय प्रमाण।

भीतरी स्तम्भ लेख

हूण आक्रमण की जानकारी प्रदान करता है।

एरण अभिलेख

सती प्रथा का प्रारम्भिक अभिलेखीय प्रमाण।

मंदसौर अभिलेख

रेशम बुनकरों की श्रेणियों की जानकारी देता है।

बुर्जहोम

कश्मीर का नवपाषाण स्थल।

यहाँ गर्त-निवास (Pit Dwelling) मिले हैं।

सिक्कों से प्राप्त जानकारी

आहत सिक्के (Punch Marked Coins)

भारत के सर्वप्राचीन सिक्के।

महत्वपूर्ण तथ्य

  • सिक्कों पर लेख अंकित करने की परंपरा सर्वप्रथम इंडो-ग्रीक (यवन) शासकों ने प्रारम्भ की।
  • समुद्रगुप्त की वीणा वादन मुद्रा उसके संगीत प्रेम का प्रमाण है।
  • अरिकमेडू (पुदुचेरी) से रोमन सिक्के प्राप्त हुए हैं।

भारतीय मंदिर स्थापत्य शैली

नागर शैली

  • उत्तर भारत
  • शिखर ऊँचा एवं वक्राकार

द्रविड़ शैली

  • दक्षिण भारत
  • पिरामिडाकार विमाना

वेसर शैली

  • नागर एवं द्रविड़ शैली का मिश्रित रूप
  • मुख्यतः दक्कन क्षेत्र में विकसित

पंचायतन मंदिर शैली

जब मुख्य मंदिर चार सहायक मंदिरों से घिरा होता है, तब उसे पंचायतन शैली कहते हैं।

प्रमुख उदाहरण

  • कंदारिया महादेव मंदिर (खजुराहो)
  • लक्ष्मण मंदिर (खजुराहो)
  • दशावतार मंदिर (देवगढ़)
  • लिंगराज मंदिर (भुवनेश्वर)
  • ब्रह्मेश्वर मंदिर (भुवनेश्वर)
  • गोंडेश्वर मंदिर (महाराष्ट्र)

महत्वपूर्ण अभिलेख एवं संबंधित शासक

अभिलेखसंबंधित शासक
हाथीगुम्फा अभिलेखखारवेल
जूनागढ़ (गिरनार) अभिलेखरुद्रदामन
नासिक अभिलेखगौतमी बलश्री
प्रयाग स्तम्भ लेखसमुद्रगुप्त
ऐहोल अभिलेखपुलकेशिन द्वितीय
मंदसौर अभिलेखयशोधर्मन
ग्वालियर अभिलेखप्रतिहार भोज
भीतरी अभिलेखस्कन्दगुप्त
देवपाड़ा अभिलेखविजयसेन

परीक्षा हेतु अत्यंत महत्वपूर्ण तथ्य

  • सबसे प्राचीन वेद — ऋग्वेद
  • भारतीय संगीत का जनक — सामवेद
  • सबसे नवीन वेद — अथर्ववेद
  • प्रथम ऐतिहासिक ग्रंथ — राजतरंगिणी
  • मौर्यकाल का प्रमुख स्रोत — अर्थशास्त्र एवं इण्डिका
  • गुप्तकाल का प्रमुख विदेशी स्रोत — फाह्यान
  • हर्षकाल का प्रमुख विदेशी स्रोत — ह्वेनसांग
  • प्राचीनतम सिक्के — आहत सिक्के
  • भारत में अकाल का प्रथम अभिलेखीय प्रमाण — सोहगौरा ताम्रपत्र
  • सती प्रथा का प्रथम अभिलेखीय प्रमाण — एरण अभिलेख
  • भारतवर्ष शब्द का प्रारम्भिक उल्लेख — हाथीगुम्फा अभिलेख

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